दुष्कर्म की घटनाओं पर शीर्ष कोर्ट सख्त – गश्त बढ़ाने, ड्राइवरों के सत्यापन के आदेश
Kuldeep Khandelwal/ Niti Sharma/ Kaviraj Singh Chauhan/ Vineet Dhiman/ Anirudh vashisth/ Mashruf Raja / Anju Sandi
नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में हाल में सामने आए दुष्कर्म के मामलों पर सुप्रीम कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया है। जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस विनोद चंद्रन की बेंच ने सुनवाई के दौरान कड़ी टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा – दिल्ली में रात में गश्त बढ़ाई जाए, ड्राइवरों और सहायकों का अनिवार्य सत्यापन किया जाए, स्कूल-कॉलेज के पास दिल्ली पुलिस तत्काल पेट्रोलिंग बढ़ाए, अवैध शराब की बिक्री वाले प्रतिष्ठानों पर निगरानी हो।
कोर्ट ने दिल्ली पुलिस आयुक्त और दिल्ली सरकार के मुख्य सचिव से संयुक्त रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में बताना होगा कि दिल्ली में एस गार्ड सेंटर कितने हैं, वे किन क्षेत्रों को कवर करते हैं और आपात सूचना मिलने के बाद समन्वय, संचार और त्वरित कार्रवाई के लिए कौन-से प्रोटोकॉल लागू हैं। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्रीय गृह मंत्रालय और दिल्ली परिवहन विभाग को नोटिस जारी करते हुए मामले की अगली सुनवाई 16 नवंबर को तय की है।

