ट्रंप की ईरान को सख्त चेतावनी, तेल आपूर्ति रोकने पर होगी बड़ी कार्रवाई
Kuldeep Khandelwal/ Niti Sharma/ Kaviraj Singh Chauhan/ Vineet Dhiman/ Anirudh vashisth/ Mashruf Raja / Anju Sandi
पश्चिम एशिया में तनाव के बीच अमेरिका ने ईरान को दी धमकी
वॉशिंगटन। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने ईरान को कड़ा संदेश दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाली वैश्विक तेल आपूर्ति को बाधित करने की कोशिश की, तो अमेरिका की प्रतिक्रिया बेहद कठोर होगी। उन्होंने कहा कि ऐसी किसी भी कार्रवाई का जवाब पहले से कहीं अधिक सख्ती के साथ दिया जाएगा।
सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य में तेल आपूर्ति को रोकने या बाधित करने की किसी भी कोशिश को अमेरिका बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि यदि ईरान ऐसा कदम उठाता है तो अमेरिका सैन्य कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगा।
ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि जरूरत पड़ने पर अमेरिका ऐसे रणनीतिक ठिकानों को निशाना बना सकता है, जिनसे ईरान की सैन्य और रणनीतिक क्षमता को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि वह उम्मीद करते हैं कि हालात इतने खराब नहीं होंगे और तनाव को टाला जा सकेगा।
वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए अहम मार्ग
Strait of Hormuz को दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री तेल मार्गों में गिना जाता है। खाड़ी देशों से निर्यात होने वाले बड़े हिस्से का कच्चा तेल इसी रास्ते से अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचता है। ऐसे में यदि यहां किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न होती है तो इसका असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और तेल की कीमतों पर पड़ सकता है।
कई देशों की निर्भरता
ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि इस समुद्री मार्ग की सुरक्षा केवल अमेरिका ही नहीं बल्कि उन सभी देशों के लिए महत्वपूर्ण है जो इस रास्ते से बड़े पैमाने पर तेल आयात करते हैं। इनमें एशिया की कई बड़ी अर्थव्यवस्थाएं भी शामिल हैं, जिनकी ऊर्जा जरूरतें काफी हद तक इसी मार्ग पर निर्भर करती हैं।
ऑपरेशन ‘मिडनाइट हैमर’ का भी जिक्र
अपने बयान में ट्रंप ने अमेरिका की ओर से चलाए गए कथित अभियान ‘मिडनाइट हैमर’ का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि इस कार्रवाई से ईरान के परमाणु कार्यक्रम को बड़ा झटका लगा है और इससे क्षेत्र में संभावित बड़े खतरे को टालने में मदद मिली है। उन्होंने कहा कि अमेरिका क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को सुरक्षित रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाने को तैयार है।

