बीज बमों से होगा पर्यावरण संरक्षण,आगाज फैडरेशन और मैड संस्था के संयुक्त तत्वावधान में “बीज बम प्रशिक्षण”
Kuldeep Khandelwal/ Niti Sharma/ Kaviraj Singh Chauhan/ Vineet Dhiman/ Anirudh vashisth/ Mashruf Raja / Anju Sandi
देहरादून। पर्यावरण संरक्षण और बहुमूल्य वृक्ष प्रजातियों के संवर्धन के उद्देश्य से दून टी में आगाज फैडरेशन और मैड संस्था के संयुक्त तत्वावधान में बीज बम (सीड बम) निर्माण एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के पहले ही दिन स्वयंसेवकों ने करीब 1000 बीज बम तैयार किए। अब इन्हें जंगलों में आग, भूस्खलन और भू-धंसाव से प्रभावित क्षेत्रों में रोपित किया जाएगा।

मैड संस्था की वरिष्ठ समन्वयक आर्ची बिष्ट ने बताया कि संस्था की कोर टीम को बीज बम निर्माण का प्रशिक्षण दिलाने के लिए आगाज फैडरेशन से सहयोग लिया गया। आगाज फैडरेशन के संस्थापक एवं अध्यक्ष जे.पी. मैठाणी ने प्रशिक्षण देते हुए बताया कि उनकी संस्था इस वर्ष देहरादून और चमोली जनपद में अपने संसाधनों से 10 हजार बीज बम तैयार कर पर्यावरणीय दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों में रोपित करेगी।

प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को पीपल, बरगद, कचनार, कदंब, लाठी बांस, गुलमोहर, अमलतास और चकरेसिया जैसी वृक्ष प्रजातियों के महत्व की जानकारी दी गई। साथ ही मिट्टी, गोबर की खाद और रेत के मिश्रण से बीज बम तैयार करने, उनमें बीज सुरक्षित रखने और छाया में सुखाने की पूरी प्रक्रिया का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया।

मैड संस्था की ओर से आशीष, दारिश, अंबिका और अर्चना ने पहला बैच तैयार किया। इसके बाद वृंदा, सुषमा बिष्ट, शगुफ्ता, प्रिंस, गौतम सिंह, अमन, रिद्धिमा, ईशान, अनीश और अक्षित सहित अन्य स्वयंसेवकों ने 800 से अधिक बीज बम तैयार किए। संस्था के अनुसार अब प्रशिक्षित कोर टीम देहरादून के 20 कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में जाकर बीज बम निर्माण का प्रशिक्षण और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरूकता अभियान चलाएगी। स्वयंसेवक दारिश ने बताया कि पांच विद्यालयों ने भी इस अभियान से जुड़ने की सहमति दे दी है, जहां इस सप्ताह से विद्यार्थियों और शिक्षकों के साथ बीज बम निर्माण कार्यक्रम शुरू किया जाएगा।

