सनातन संस्कृति केवल आस्था नहीं, भारत की आत्मा, परंपराओं और जीवन-दृष्टि का उत्सव है- सीएम धामी
Kuldeep Khandelwal/ Niti Sharma/ Kaviraj Singh Chauhan/ Vineet Dhiman/ Anirudh vashisth/ Mashruf Raja / Anju Sandi
ब्रह्मलीन स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि महाराज की समाधि स्थली पर आयोजित श्रीविग्रह मूर्ति स्थापना समारोह में शामिल हुए सीएम धामी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार में भारत माता मंदिर के संस्थापक एवं ‘पद्मभूषण’ से सम्मानित ब्रह्मलीन स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि महाराज की समाधि स्थली पर आयोजित श्रीविग्रह मूर्ति स्थापना समारोह के अवसर पर हुए संत सम्मेलन में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने पूज्य साधु-संतों का आशीर्वाद प्राप्त किया और कार्यक्रम में उपस्थित देवतुल्य जनसमूह को संबोधित किया।
मुख्यमंत्री धामी ने अपने संबोधन में कहा कि ब्रह्मलीन स्वामी सत्यमित्रानंद गिरि महाराज ने भारत माता मंदिर की स्थापना कर राष्ट्रभक्ति, भारतीय संस्कृति और सनातन चेतना को सशक्त आधार प्रदान किया। उन्होंने आध्यात्मिक ज्ञान को समाजसेवा से जोड़ते हुए सनातन परंपरा को जन-जन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया, जो आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में चारों ओर सनातन संस्कृति का जयघोष हो रहा है। यह केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि भारत की आत्मा, उसकी परंपराओं और जीवन-दृष्टि का उत्सव है। उन्होंने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सशक्त नेतृत्व में सनातन संस्कृति की यह गौरवशाली परंपरा देशभर में नई चेतना और ऊर्जा के साथ आगे बढ़ रही है।
इस अवसर पर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज, बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव तथा योग गुरु स्वामी रामदेव सहित अनेक संत-महात्मा, गणमान्य अतिथि और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

